नवागढ़ में पेट्रोल-डीज़ल को लेकर बढ़ा भ्रम, “स्टॉक फुल” के दावे के बाद भी नहीं मिला ईंधन

@therambhaktTRBnews:- नवागढ़ क्षेत्र में पेट्रोल-डीज़ल को लेकर आम
जनता की परेशानी कम होने का नाम नहीं ले रही है। एक ओर जिला कलेक्टर एवं पेट्रोल पंप संचालकों द्वारा स्टॉक पर्याप्त होने की बात कही गई, वहीं दूसरी ओर रात बीतने के बाद लोगों को फिर पेट्रोल-डीज़ल नहीं मिलने की शिकायत सामने आने लगी।
स्थानीय लोगों का कहना है कि प्रशासन की ओर से “स्टॉक फुल” होने की जानकारी मिलने के बाद लोगों को उम्मीद थी कि स्थिति सामान्य हो जाएगी, लेकिन सुबह होते ही कई वाहन चालक पेट्रोल पंपों से खाली हाथ लौटते दिखाई दिए। इससे लोगों में भ्रम और नाराजगी दोनों बढ़ गई है।
इसी बीच एक और मामला चर्चा में आ गया, जहां लोगों ने आरोप लगाया कि आम जनता लाइन में खड़ी रही, जबकि तहसीलदार की कथित निजी गाड़ी में पेट्रोल डाला गया। इस घटना के बाद लोगों ने सवाल उठाया कि यदि वास्तव में स्टॉक उपलब्ध था, तो फिर आम नागरिकों को पेट्रोल-डीज़ल क्यों नहीं दिया गया।
लोगों का कहना है कि रोजमर्रा के काम, खेती-किसानी, व्यापार और आवागमन पूरी तरह प्रभावित हो रहे हैं। कई लोग देर रात तक पेट्रोल पंपों के चक्कर काटते रहे, लेकिन उन्हें केवल इंतजार और आश्वासन ही मिला।
अब क्षेत्र में यह सवाल लगातार उठ रहा है कि आखिर पेट्रोल-डीज़ल की कमी केवल आम जनता के लिए ही क्यों दिखाई दे रही है? यदि स्टॉक पर्याप्त है, तो वितरण व्यवस्था पारदर्शी और समान रूप से क्यों नहीं की जा रही?
स्थानीय नागरिकों ने जिला प्रशासन, खाद्य विभाग और संबंधित तेल कंपनियों से पूरे मामले की जांच कर वास्तविक स्थिति सार्वजनिक करने तथा आम लोगों को नियमित रूप से पेट्रोल-डीज़ल उपलब्ध कराने की मांग की है।


